इंदौर { NI 24 ] राजेंद्र नगर थाने में पुलिस की लापरवाही और बेरहमी की घटना से जहा एक तरफ पूरा शहर सकते में है वही दूसरी तरफ खुद इंदौर आई जी अपने मतहतो के बचाव में आगे आ गई है ! गलती स्वीकार करने के बजाय मेडम मीडिया पर गुस्सा निकाल रही है ! इंदौर आई जी से जब न्यूज़ चेनल के प्रतिनिधियों ने बात करने की कोशिश की तो आई जी मेडम को इतना गुस्सा आया कि न केवल उन्होंने मामले के लिए मीडिया को जिम्मेदार बता दिया बल्कि न्यूज़ चैनल की आई डी भी उठा कर फेंक दिए !
क्या कहा इंदौर की आई जी अनुराधा शंकर ने आइए हम आपको बताते है ! ये सब मिस इन्फर्मेशन है , यहाँ सबसे पहले देखने वाली ये बात है की बच्चा जिसे चोट लगी वो सबसे पहले कहा गया चोट लगने के बाद बच्चा सब से पहले अपने घर गया 12 – 45 पर चाकू मारा जाता है ! वो सबसे पहले अपने घर जाते है, थाने नही जाते है ! घर के लोग फिर उन को लेकर थाने पर आते है और थाने से जो 108 एम्बुलेंस है उस से उन्हें जिला अस्पताल ले कर जाते है डिस्ट्रिक्ट हॉस्पिटल के बाद एम वाय हास्पिटल ! वो तो फिर हॉस्पिटल की जिम्मेदारी हो जाती है ! थाने से 108 वाले इमिजेट्ली मुश्किल से 5 मिनट फॉर्म भरने में लगा था तो मुद्दे की बात ये है कि जो जख्मी बालक चल कर गया है, ये ऐसी परिस्थति है कि जो ये भयानक पिक्चर पेंट किया जा रहा है खून से लथपत पड़ा था पुलिस ने देखा नही पहुचया ऐसा नही करना चाहिए ऐसा करने से किस को फायदा होता है !
सच तो ये है की बच्चा चल कर गया है चल कर आया है ! आप सच सुनने को तयार नही है में तो आप को समय बता रही हू पैमाने का ये क्या मतलब है ! पैमाने से कोई मतलब नही है ! आप क्या कहना चाहते है किसी एजेंडे के साथ आये है आप यहाँ ? पी एम रिपोर्ट नही है अभी हमारे पास , तथ्यों पर बात करे तमाश ना बनाये, आप के दोस्त को चोट लगेगी तो आप पुलिस के पास जायेंगे या दोस्त के पास ? सबसे पहले उसे अस्पताल ले जायंगे ना, तमाश म़त बनाइये , बिना पुलिस के गलती के हमने जाँच ऑर्डर की है जो भी होगा हम कल बता देंगे ! कोई गलती अभी हमने थाने की नही पाई है ! में कल से देख रही हू एक तमाशा बना कर रख दिया है ! हत्यारों पर आपका फोकस ही नही है ! प्लीज़ क्लोज़ दी केमरा — जी हां इंदौर आई जी का ये रवैया था इंदौर मीडिया के लोगो के साथ — दरअसल राजेन्द्र नगर थाना क्षेत्र में रवि दांगी की मौत के मामले में पुलिस पर उंगलिया उठ रही है !
खुद प्रदेश के ग्रह मंत्री मामले में जाँच की बात कह चुके है लेकिन जब इंदौर रेंज की आई जी अनुराधा शंकर से सवाल हुए तो वो भड़क गई — बहर हाल ये पहला मौक़ा नहीं है जब मेडम की तुनक मिजाजी देखनो को मिली हो — इससे पहले भी वे कई बार इस तरह का व्यवहार कर चुकी है — अब मेडम अपने इस रवैये से क्या बताना चाहती है ये तो कहा नहीं जा सकता लेकिन अगर संभाग की सबसे बड़ी पुलिस अधिकारी इस तरह से व्यवहार करेंगी तो मातहत क्या करेंगे समझा जा सकता है !

