इंदौर [ NI 24 ] आजादनगर चौराहे के पास युवक पर जानलेवा हमले के बाद हथियार सहित पकड़े गए कांग्रेसी पार्षद अनवर कादरी उर्फ अनवर डकैत और उसके भाई व तीन मुजरिमों को कोर्ट ने एक-एक साल के कारावास की सजा सुनाई। अनवर डकैत ने गवाह पर हत्या के इरादे से हमला किया था। फैसला बुधवार को अपर सत्र न्यायाधीश पंकज गौर ने सुनाया। आरोपी अनवर कादरी उर्फ डकैत पिता असलम, भाई अजगर उर्फ असगर उर्फ अज्जू व दादा पिता मोहम्मद रफी खां हैं।
आजादनगर में 6 मई 2009 को पुरानी जेल के पीछे साथियों समेत घात लगाकर बैठे अनवर डकैत ने अनवर हुसैन नामक युवक पर हमला किया था। अनवर हुसैन एक मामले में गवाह था। पुलिस ने अनवर डकैत समेत नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इनके पास से पिस्तौल, कट्टे, तलवार, चाकू भी जब्त किए गए थे। घटना के समय अनवर पार्षद नहीं था। कांग्रेस से टिकट नहीं मिलने पर निर्दलीय चुनाव जीता था !
जिला अदालत में सेशन ट्रायल के समय 16 गवाहों में से सभी चश्मदीद गवाह पलट गए। इस कारण अपराध प्रमाणित नहीं हो सका। अतिरिक्त लोक अभियोजक पीएल मालवीय ने तर्क रखा कि हथियार तो पुलिस ने सबूत के साथ जब्त किए थे। कोर्ट में हमले के आरोप में दर्ज धाराओं के तहत सभी नौ आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया किंतु हथियार रखने के आरोप में तीन लोगों को सजा सुनाई। सजा के बाद अदालत ने आरोपियों को हाई कोर्ट में अपील के लिए एक माह की जमानत दे दी।

