इंदौर [ NI 24 ] कालेज प्रशासन किसी छात्र को किस कदर प्रताड़ित कर सकता है इसका एक जीवंत उदहारण इंदौर में देखने को मिला, यहाँ के शासकीय कला एवम वाणिज्य महाविद्यालय के एक छात्र ने छात्रावास प्रबंधन से प्रताड़ित होकर अपने कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली, इसके बाद छात्रो ने कोलेज में तोड़फोड़ कर डाली !
तेजपाल सिंह 21 वर्ष पिता जयमल सिंह निवासी बड़वाह बी.ए.फाइनल वर्ष का छात्र था, तेजपाल के पिता जयमल सिंह बडवाह जेल के प्रहरी है ! तेजपाल ने आज अपने होस्टल के कमरे में फांसी लगा कर आत्महत्या कर ली, उसने अपने सुसाइड नोट में होस्टल के वार्डन महेंद्र मिश्रा और मेनेजर नीरज सोनी द्वारा प्रताड़ित होकर फांसी लगाने की बात कही, विगत कई दिनों से होस्टल प्रबंधन तेजपाल को प्रताड़ित कर रहा था, तेजपाल होस्टल की पंडित मदन मोहन मालवीय छ्त्रवास समिति का अध्यक्ष था और आये दिन होस्टल में फैली अव्यवस्थाओ की शिकायत करता रहता था, जिसके चलते होस्टल प्रबंधन तेजपाल और उसके अन्य साथियो को होस्टल से निष्कासित करने का आदेश जारी कर चुका था !
अपने सुसाइड नोट में उसने अपने माता-पिता से माफ़ी मांगी और अगले जन्म में उनका ही बेटा बनकर जन्म लेने की बात लिखी और होस्टल प्रबंधन द्वारा उसे परेशान करने का आरोप लगाया है ! अपने साथी छात्र की मौत से गुस्साए कालेज के छात्रो ने कालेज में जमकर तोड़फोड़ कर डाली, और कालेज के गेट पर धरना देकर बैठ गए, पुलिस ने होस्टल वार्डन महेंद्र मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया है !
पुलिस द्वारा मिश्रा को पकड़कर ले जाते समय गुस्साए छात्रो ने होस्टल वार्डन को पीटने के लिए दौड़ लगा दी, जिसे बड़ी मुश्किल से पुलिस ने बचाकर थाने पहुँचाया ! पुलिस द्वारा वार्डन को ले जाने के बाद छात्रो ने पुलिस के सामने ही वार्डन की कार में भी तोड़फोड़ कर दी जिसके बाद पुलिस ने बल प्रयोग कर छात्रो को कालेज परिसर से खदेड़ा !
बहरहाल तेजपाल की मौत ने एक बार फिर शिक्षा विभाग द्वारा छात्रो को प्रताड़ित करने की पोल खोल दी है, कही न कही यह वर्चस्व की लड़ाई का परिणाम भी कहा जा सकता है, फिलहाल भंवर कुआ पुलिस ने होस्टल वार्डन को गिफ्तार कर थाने पहुंचा दिया है !

