मुंबई [ इंटरनेट डेस्क ] मुंबई हमले में फांसी की सजा पा चुके आतंकवादी अजमल आमिर कसाब ने दया की मांग की है। कसाब ने ऑर्थर रोड के जेलर के जरिए राष्ट्रपति के पास अपनी दया याचिका भेजी। मुंबई की एक विशेष अदालत ने 2010 में कसाब के खिलाफ फांसी की सजा सुनाई थी, जिसे बंबई हाई कोर्ट ने बरकरार रखा था। सुप्रीम कोर्ट ने भी 29 अगस्त 2012 को कसाब की फांसी की सजा को बरकरार रखा था।
कसाब की सारी दलीलें खारिज करने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि उसका जुर्म माफी के लायक कतई नहीं है। 26 नवंबर 2008 को किए गए इस हमले में 10 आतंकवादियों में से एकमात्र कसाब को जीवित पकड़ा गया था। इस हमले में 166 लोग मारे गए थे।

